अमरीकी राष्ट्रपति ने अपने हालिया एक बयान में कहा है कि 47 साल हो चुके कि अमरीका इस्लामी गणराज्य को ख़त्म नहीं कर पाया। यह अच्छा एतेराफ़ है। मैं कह रहा हूं: तुम भी यह काम नहीं कर पाओगे।
23/02/2026
वे धमकी देते हैं कि हम ऐसा कर देंगे, हम वैसा कर देंगे। आप ईरानी अवाम ने इस 22 बहमन (11 फ़रवरी) को इन धमकियों का जवाब दे दिया, आप ने दिखा दिया कि इन धमकियों का कोई असर नहीं है।
21/02/2026
ख़ुद अमरीकी भी जो निरंतर धमकी दे रहे हैं कि जंग होगी, ऐसा होगा, वैसा होगा, जानते हैं कि यह उन के बस में नहीं है।
21/02/2026
बार बार कह रहे हैं कि हम ने ईरान की ओर एयरक्राफ़्ट कैरियर भेजा है।बहुत अच्छा, एयरक्राफ़्ट कैरियर जहाज़ एक ख़तरनाक उपकरण है लेकिन उस से ज़्यादा ख़तरनाक वह हथियार है, जो उसे समुद्र की गहराई में डुबा सकता है।
19/02/2026
अगर किसी मुल्क के पास डिटरेंट हथियार न हों, तो वह दुश्मनों के पैरों तले रौंद दिया जाता है। डिटरेंट हथियार हमारी क़ौम की सब से अहम ज़रूरतों में हैं।अमरीकी फ़ुज़ूल में इस मामले में हस्तक्षेप कर रहे हैं। आप से क्या मतलब?
19/02/2026
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है। इमाम ख़ामेनेई हाजियों के नाम पैग़ाम, 30 मई 2025
01/02/2026
इन रैलियों में भाग लेने वालों का मुख्य पैग़ाम, जो वे नेतनयाहू और ट्रम्प तक पहुंचाना चाहते थे, यह था कि अवाम सरकार, इस्लामी इंक़ेलाब के नेता और इस्लामी सिस्टम के साथ हैं। जो दसियों लाख सड़कों पर आए, वे यह कहने के लिए आए कि ईरानी क़ौम यह है।
27/01/2026
12 जनवरी को ईरानी क़ौम ने (ऐतिहासिक दिन) बना दिया और अपने कारनामों में एक और कारनामे का इज़ाफ़ा किया। ईरानी क़ौम ने तेहरान में दसियों लाख की तादाद में, दूसरे शहरों में बड़ी तादाद में निकलकर, बड़बोले दावेदारों के मुंह पर ज़ोरदार मुक्का मारा।
22/01/2026
ईरानी राष्ट्र मज़बूत और ताक़तवर है, चौकन्ना और दुश्मन को पहचानने वाला और हर स्थिति में मैदान में मौजूद है। सैयद अली ख़ामेनेई 12 जनवरी 2026
15/01/2026
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है। इमाम ख़ामेनेई हाजियों के नाम पैग़ाम, 30 मई 2025
09/01/2026
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है। इमाम ख़ामेनेई हाजियों के नाम पैग़ाम, 30 मई 2025
09/01/2026
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है। इमाम ख़ामेनेई हाजियों के नाम पैग़ाम, 30 मई 2025
08/01/2026
इंसान में अध्यात्म, उसके लक्ष्यपूर्ण होने की बुनियाद है उसकी ज़िदंगी को अर्थपूर्ण बनाता है और उसे दिशा देता है।
07/01/2026
यह ईद आप को मुबारक हो, हमें शहीदों के घर वालों पर फ़ख़्र है। चाहे मुसलमान शहीद हों, चाहे ईसाई शहीद हों।
27/12/2025
यह ईद आप को मुबारक हो, हमें शहीदों के घर वालों पर फ़ख़्र है। चाहे मुसलमान शहीद हों, चाहे ईसाई शहीद हों।
26/12/2025
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है। इमाम ख़ामेनेई हाजियों के नाम पैग़ाम, 30 मई 2025
22/12/2025
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है। इमाम ख़ामेनेई हाजियों के नाम पैग़ाम, 30 मई 2025
14/12/2025
शादी की रात, दुल्हन का विशेष लेबास फ़क़ीर को, निर्धन को दे देती हैं; तीन दिन तक खाना नहीं खातीं और अपनी इफ़्तारी फ़क़ीर को दे देती हैं और अवाम की मुश्किलों को दूर करती हैं।
10/12/2025
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद, आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है।
10/12/2025
युद्ध विराम के आग़ाज़ से अब तक क़रीब दो महीने गुज़रने के बाद भी, ग़ज़ा पट्टी में अस्पतालों और इलाज की सेवा की हालत बहुत ही संकटमय है। ज़ायोनी शासन ग़ज़ा पट्टी के अवाम की ज़रूरत के सामान और उपकरणों को पहुंचने से, रोक रहा है।
08/12/2025
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद,आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है।
03/12/2025
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद,आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है।
03/12/2025
फ़िलिस्तीन के मसले को भुला दिए जाने की साम्राज्यावादियों और ज़ायोनी सरकार के समर्थकों की कोशिशों के बावजूद,आज फ़िलिस्तीन का नाम पहले से ज़्यादा उज्जवल है।
03/12/2025
अमरीकी, तेल के लिए और भूमिगत संसाधनों के लिए, दुनिया में कहीं भी जंग छेड़ने के लिए तैयार हैं।
29/11/2025