इतालवी संगीतकार की, शहीद रहबर की जीवनी पर आधारित किताब से प्ररित होकर कविता
इटली के ओपेरा के संगीतकार और गायक जनाब ऐंटोनियो पापालार्दो ने, शहीद रहबर की जीवनी के अंग्रेज़ी संस्करण "सेल नंबर-14" को पढ़ने के बाद, आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई के बारे में कविता कही जिसका अनुवाद इस प्रकार हैः
सेल नबंर 14
जहाँ से इंक़ेलाब शुरू हुआ।
अपने धार्मिक ईमान के सहारे
आपने ज़ुल्म के ख़िलाफ़ संघर्ष किया;
उसी बचपन के दौर से
जब आप अपनी माँ की मोहब्बत और सपरस्ती के साए में थे।
आपने न्याय के लिए कोशिश की
और इस्लाम के उसूलों को सम्मान दिलाने के लिए।
हमेशा ये चीज़ें
आपके पास थीं:
ईमान, बहादुरी और उम्मीद।
शासन की पुलिस की बेलगाम हिंसा के सामने आप हरगिज़ नहीं झुके।
अपने अवाम के सम्मान के लिए आपने ज़िंदगी लगा दी;
वो अवाम जो ऐसे लोगों के घमंड के सामने सरेंडर नहीं हुए जिनके पास सब कुछ था
सिवाए मानवीय मूल्यों पर ईमान के।
कोई ज़ालिम
ऐसे लोगों की बहादुरी का मुक़ाबला नही कर सकता
जो अल्लाह के नाम पर संघर्ष करते हैं।
06/08/2026

