आयतुल्लाहिल उज़्मा ख़ामेनेई ने बत्तीसवें राष्ट्रीय नमाज़ सम्मेलन के नाम पैग़ाम में नमाज़ के जीवनदायक और गहरे अर्थों से भरे फ़रीज़े की ओर इशारा किया और बल दिया कि नमाज़ की शिक्षा और उसे क़ायम करना, नमाज़ की रूहानी बारीकियों का बयान और उसे लाज़मी तौर पर पढ़ना, धर्म का प्रचार व प्रसार करने वाले तंत्रों, धर्मगुरूओं और धर्म पर अमल करने वालों का निश्चित फ़रीज़ा है और इस दिशा में काम के लिए नए तरीक़ों को अपनाया जाए।
09/10/2025
रहबरे इंक़ेलाब आयतुल्लाहिल उज़मा ख़ामेनेई ने 12वीं संसद का कार्यकाल शुरू होने के मौक़े पर एक संदेश जारी किया जो 27 मई 2024 को सदन में पढ़ा गया।
27/05/2024
इस्लामी क्रांति के नेता आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनेई ने नए ईरानी साल पर संदेश जारी किया।
20/03/2024