इमाम रज़ा का कारनामाः अब्बासी ज़ुल्म के दौर में हैरतअंगेज़ तबलीग़

इमाम रज़ा अलैहिस्सलाम की उम्र लगभग 55 साल है। 55 साल की इस उम्र में लगभग 20 साल का समय उनकी इमामत का समय है। जब हज़रत की इमामत का दौर ख़त्म हुआ और आपको शहीद कर दिया गया तो अगर आप उस वक़्त के हालात देखिए तो महसूस करेंगे कि अहले बैते रूसूल से मुहब्बत का सिलसिला इस्लामी जगत में इस व्यापकता और गहराई के साथ फैल चुका था कि ज़ालिम अब्बासी सल्तनत उस पर क़ाबू पाने में नाकाम थी। यह कारनामा इमाम अली रज़ा अलैहिस्सलाम ने अंजाम दिया।

इमाम ख़ामेनई
Sept 17, 2013

21/10/2021

इमाम रज़ा का कारनामाः अब्बासी ज़ुल्म के दौर में हैरतअंगेज़ तबलीग़