इसकी क़द्रदानी तो अल्लाह ही कर सकता है

11 फ़रवरी 2023 के जुलूसों में क़ीमती और भरपूर शिरकत पर ईरानी क़ौम को सलाम करता हूं। मैं ख़ुद को इस क़ाबिल नहीं समझता कि शुक्रिया अदा करुं। इसकी क़द्रदानी तो अल्लाह ही कर सकता है। मिल्लते ईरान! अल्लाह आपकी मेहनतों की क़द्रदानी करे।

इमाम ख़ामेनेई

15 फ़रवरी 2023

15/02/2023

इसकी क़द्रदानी तो अल्लाह ही कर सकता है