ईरान ने आख़िरी लम्हे तक तर्कपूर्ण वार्ता की कोशिश की, यहाँ तक कि न्यूयॉर्क में भीराष्ट्रपति और विदेश मंत्री के हालिया न्यूयॉर्क दौरे पर, बहुत कोशिश हुयी कि आख़िरी क्षणों में सही वार्ता हो जाए और कोई नतीजा निकले, लेकिन सामने वाले पक्ष ने क़ुबूल नहीं किया;जिससे पता चलता है कि हमारा तर्क ठोस है, उनका तर्क ठोस नहीं है और वे ताक़त के बल पर अपना लक्ष्य हासिल करना चाहते हैं।
19/10/2025