वह क़ौम अमर है जिसने शहीद दिए हों

इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम ने अपनी जान क़ुर्बान कर के जिस चीज़ को इंसानियत के लिए बचा लिया, वह ख़ुद इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम के वजूद से भी ज़्यादा अज़ीज़ थी। वह चीज़ इस्लाम और क़ुरआन था...वह क़ौम जिस ने शहीद दिए हों, अमर है। 

शहीद इमाम ख़ामेनेई 

30 मार्च 1985

29/06/2026

वह क़ौम अमर है जिसने शहीद दिए हों