शहीद सुलैमानी ने दाइश का अंदाज़ा लगा लिया था

शहीद सुलैमानी बड़े ज़ेहीन इंसान थे। इस्लामिक रेज़िस्टेंस फ़्रंट के ख़िलाफ़ एक बज़ाहिर मसलकी रुजहान रखने वाली तहरीक के अस्तित्व में आने का अंदाज़ा उन्होंने लगा लिया था। मुझसे उन्होंने कहा था कि जो कुछ मैं इस्लामी दुनिया में देख रहा हूं उसके मुताबिक़ एक नई तहरीक शुरू हो गयी है। कुछ ही समय बाद दाइश ने सर उभारा। इमाम ख़ामेनेई 16 दिसम्बर 2020

शहीद सुलैमानी बड़े ज़ेहीन इंसान थे। इस्लामिक रेज़िस्टेंस फ़्रंट के ख़िलाफ़ एक बज़ाहिर मसलकी रुजहान रखने वाली तहरीक के अस्तित्व में आने का अंदाज़ा उन्होंने लगा लिया था। मुझसे उन्होंने कहा था कि जो कुछ मैं इस्लामी दुनिया में देख रहा हूं उसके मुताबिक़ एक नई तहरीक शुरू हो गयी है। कुछ ही समय बाद दाइश ने सर उभारा।

इमाम ख़ामेनेई

16 दिसम्बर 2020

03/01/2023

  शहीद सुलैमानी ने दाइश का अंदाज़ा लगा लिया था