उम्मत तैयार करना; पैग़म्बरे इस्लाम (स) का हमेशा बाक़ी रहने वाला सबक़

पैग़म्बरे इस्लाम की ज़िंदगी का एक सबक़ जो शायद उनका सब से बड़ा सबक़ होउसका मैं यहां पर ज़िक्र कर रहा हूँ और वह सबक़ यह हैः उम्मत तैयार करना, “इस्लामी उम्मत” की रचना।

25/08/2026

icon cover video