"ऐ अबा अब्दिल्लाह! मैं क़यामत तक उसके साथ सुलह की हालत में हूं जो आपके साथ सुलह की हालत में हैं और मैं उसके साथ जंग की हालत में हूँ जो आपके साथ जंग की हालत में है।" क़यामत के दिन तक, क्या मतलब? यानी यह लड़ाई ख़त्म होने वाली नहीं है। हुसैनी मोर्चे और यज़ीदी मोर्चे के बीच यह लड़ाई, यह जंग जारी है।
05/08/2026